गुपचुप शादी रचा कर एक चांद से बेटे की ग्लैम मॉम बनने के बाद महिमा चौधरी ने व़क्त निकाल लिया है, अपने एक्ट्रेस वाले अंदाज़ मे वापस लौटने का. सिल्वर स्क्रीन से लगभग ग़ायब हो चुकी महिमा अब पब्लिक अपीयरेंस देने लगी है, लेकिन बेचारी बीच मे ही फंस गईं. दरअसल सुभाष घई की फिल्म परदेस से बॉलिवुड में एक्टिंग का करियर शुरू करने वाली महिमा झारखंड के जमशेदपुर मे बिष्टपुर के जुबली पार्क में आयोजित ग्रीन रन में हिस्सा लेने गर्ईं थीं. रन शुरू होने के बाद इसमें शामिल कुछ लोगों ने उनके साथ बदतमीज़ी शुरू कर दी. हालत यह थी कि महिमा मौ़के से भाग भी नहीं सकती थीं. महिमा उस समय परेशान हो गईं जब उन्हें छेड़छाड़ करने वालों ने घेर लिया. भीड़ में घिरी महिमा के सुरक्षाकर्मी भी उन्हें बचाने की स्थिति में नहीं थे.
आखिर कुछ मीडिया फोटोग्राफरों की नज़र उन पर पड़ी तो उन्होंने ही महिमा को बचाने की कोशिश की, लेकिन बेक़ाबू भीड़ को नियंत्रित करना मुश्किल था. आ़खिरकार मीडिया वालो ने एक ट्रैफिक पुलिस कर्मचारी से मदद ली. महिमा ट्रैफिक पुलिसकर्मी के साथ उसकी बाइक पर सवार होकर वहां से निकल गईं. आश्चर्य की बात तो यह है उस ट्रैफिक पुलिसकर्मी ने महिमा को पहचाना ही नहीं था और न ही कभी देखा था. महिमा के साथ हुई इस घटना से बॉलीवुड के दूसरे स्टार्स को भी सीख लेनी चाहिए. फिल्म सितारे अकसर बिना वजह मीडिया पर इल्ज़ाम लगा देते है, लेकिन बाद मे यही मीडिया मुश्किल व़क्त मे उनके काम आता है. इसलिए स्टार्स को मीडिया पर कोई भी इल्ज़ाम लगाने से पहले सौ बार सोच लेना चाहिए
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