आतंक के आका संग चुनाव लड़ने की फिराक में परवेज़ मुशर्रफ

ex pakistan president parvez musharraf is all set to colabrate with hafiz saeed

मुंबई में ताज होटल पर हुए 26/11 हमले को 6 साल बीत जाने के बाद आज तक एक भी भारतवासी इस हमले की कड़वी यादों को नहीं भुला पाया है, इस सब के बावजूद भी पाकिस्तान अपनी हरकतों से बाज़ नहीं आ रहा है और इसका जीता जागता उदाहरण है हाल ही में 26/11 हमले के मास्टरमाइंड हाफ़िज़ सईद की रिहाई. अब हाफ़िज़ सईद की रिहाई के बाद पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ आतंक के इस आका से हाथ मिलाने को तैयार हैं। परवेज मुशर्रफ मुंबई हमले के मास्टरमाइंड और लश्कर सरगना खूंखार आतंकी हाफिज सईद के साथ मिलकर चुनाव लड़ना चाहते हैं।

पहले हाफिज सईद ने चुनाव लड़कर पाकिस्तानी संसद पहुंचने का ऐलान किया। इसके बाद जब हाफिज सईद को नजरबंदी से राहत मिली तो परवेज मुशर्रफ ने इस पर खुशी जाहिर की और खुद को लश्कर-ए तैयबा का सबसे बड़ा समर्थक बता डाला.

बता दें कि मुशर्रफ ने एक पाकिस्तानी चैनल से बात करते हुए आतंक के आका हाफ़िज़ सईद के साथ मिलकर चुनाव लड़ने की अपनी नापाक माशा ज़ाहिर की है जिसके बाद मुशर्रफ की जमकर आलोचना की जा रही है. हाफ़िज़ की रिहाई के बाद अब पाकिस्तान की सरकार पर विदेशों से जमकर दबाव पड़ रहा है. अमेरिका ने भी हाफ़िज़ सईद की रिहाई पर पकिस्तान को चेतावनी भी दी है इस सबके बावजूद अभी तक पाकिस्तान को अपनी गलती का एहसास नहीं हो पाया है और अब रही सही कसर मुशर्रफ ने पूरी कर दी है.

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पाकिस्तान में 2018 में आम चुनाव होने हैं जिसमें हाफिज सईद अपने राजनीतिक दल मिल्ली मुस्लिम लीग के टिकट पर चुनाव लड़ेगा। बता दें कि पाकिस्तान का चुनाव आयोग हाफिज की पार्टी को मान्यता देने से इंकार कर चुका है। बावजूद इसके हाफिज़ चुनाव लड़ने के दावे कर रहा है और अब पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ भी उनका साथ देने के लिए तैयार खड़े हैं।