सूखाग्रस्त झारखंड को सहायता की दरकार, केंद्रीय टीम ने लिया जायजा

central team in jharkhand for drought survey
झारखंड सूखे की गंभीर समस्या से जूझ रहा है. राज्य में सूखे की स्थिति का जायजा लेने के लिए केंद्रीय टीम इन दिनों झारखंड दौरे पर है. राज्य सरकार ने सूखे की इस समस्या से निपटने के लिए केंद्र सरकार से 818 करोड़ रुपए की सहायता उपलब्ध कराने का आग्रह किया है. केंद्रीय टीम की रिपोर्ट के आधार पर ही झारखंड को केंद्रीय मदद मिल पाएगी. केंद्रीय टीम के सदस्यों ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री रघुवर दास से मुलाकात की. इस मौके पर मुख्य सचिव सुधीर त्रिपाठी, कैबिनेट सचिव एसकेजी रहाटे, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव सुनील कुमार वर्णवाल और कृषि विभाग की सचिव पूजा सिंघल भी मौजूद थे.

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सूखाग्रस्त प्रखण्डों का निरीक्षण करने केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों, विभागों और संगठनों की तीन टीमें रांची पहुंची हैं. इस टीम का गठन भारत सरकार के कृषि और कल्याण मंत्रालय द्वारा किया गया है. इस टीम में झारखंड सरकार के जल संसाधन विभाग के निदेशक अखिलेश कुमार और पेयजल आपूर्ति मंत्रालय के परामर्शी जरगर भी शामिल हैं. गौरतलब है कि राज्य सरकार ने 18 जिलों के 129 प्रखण्डों को सूखाग्रस्त घोषित किया है. आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा केन्द्र सरकार को सूखे की रिपोर्ट भेजी गई थी, जिसके बाद केन्द्रीय टीम राज्य के दौरे के लिए पहुंची है.

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ये तीनों टीमें अलग-अलग क्षेत्र का भ्रमण कर एक रिपोर्ट तैयार करेगी. रिपोर्ट के आधार पर ही राज्य सरकार को सूखे से निबटने के लिए अतिरिक्त वित्तीय सहायता दी जाएगी. केंद्रीय टीम के सदस्यों ने मुख्य सचिव बी.के. त्रिपाठी के अलावा कृषि और पशुपालन विभाग, जल संसाधन विभाग, आपदा प्रबंधन और ग्रामीण विकास विभाग के सचिवों के साथ बैठक की. मिली जानकारी के अनुसार, अधिकारियों का एक दल पलामू प्रमण्डल, दूसरा दल कोडरमा, चतरा और गिरिडीह और तीसरा दल पाकुड़, देवघर और दुमका का दौरा करेगा.

टीम के सदस्य इन क्षेत्रों के किसानों, पंचायत प्रतिनिधियों और अधिकारियों से सूखे की स्थिति की जानकारी लेंगे. टीम के सदस्य विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ भी बैठक करेंगे. केंद्रीय टीम की रिपोर्ट के आधार पर झारखंड को केन्द्र से मदद मिलेगी. मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव से केंद्रीय टीम के सदस्यों की बैठक के बाद कैबिनेट सचिव एसकेजी रहाटे ने बताया कि झारखंड में उत्पन्न सुखाड़ की स्थिति से निपटने के लिए राज्य सरकार की ओर से जो आकलन किया गया है, उसके अनुसार विभिन्न क्षेत्रों के लिए 818 करोड़ रुपए की जरूरत है.

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उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की ओर से 18 जिलों के 129 प्रखण्डों को सूखाग्रस्त घोषित किया गया है. इसके लिए केंद्रीय मदद की मांग की गई है. उन्होंने बताया कि केंद्रीय टीम के सदस्य तीन हिस्सों में बंटकर राज्य के विभिन्न क्षेत्रों की स्थिति का जायजा लेने के लिए सूखा प्रभावित इलाकों का दौरा करने के लिए शुक्रवार को रांची से रवाना हुए. टीम के सदस्य 10 दिसम्बर को वापस नई दिल्ली लौटेंगे.

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