स्वर्णिम मध्य प्रदेश की पोल खोल

शिशु मृत्यु दर के मामले में मध्यप्रदेश लगातार एक दशक से अधिक समय से पूरे देश में पहले स्थान पर

Read more

बच्चों के लिए एक अच्छी किताब

बचपन, उम्र का सबसे प्यारा दौर होता है. यह अलग बात है कि जब हम छोटे होते हैं तो ब़डा होना चाहते हैं, क्योंकि कई बार स्कूल, प़ढाई और रोकटोक से परेशान हो जाते हैं. हम कहते हैं कि अगर ब़डे होते तो हम पर किसी तरह की कोई पाबंदी नहीं होती, न स्कूल ड्रैस पहननी प़डती और न ही रोज़ सुबह जल्दी उठकर स्कूल जाना प़डता. मगर जब हम ब़डे होते हैं, तो अहसास होता है कि वाक़ई बचपन कितना प्यारा होता है.

Read more

सुनील कुमार जेएस एंड एफए बने

1981 बैच के आईडीएएस अधिकारी सुनील कुमार कोहली जल संसाधन मंत्रालय में संयुक्त सचिव और वित्तीय सलाहकार बनाया गया है. वह अनन्या रे की जगह लेंगे.

Read more

लंबे बालों ने लखपति बनाया

बाल लंबे और कटवाने का सभी का अपना अपना शौक होता है. ब्राजील के रियो डि जेनेरियो की नताशा मोरेस 12 साल की है और उसके बालों की लंबाई 5 फुट 2 इंच से भी ज़्यादा है. उसकी हाइट 5 फुट 3 इंच है. बचपन से कई बार उसे बाल कटवाने को कहा गया, लेकिन वह राज़ी नहीं हुई.

Read more

बालश्रम खत्म किया जा सकता है

भारत में 14 साल तक के बच्चों की आबादी पूरी अमेरिकी आबादी से भी ज़्यादा है. कुल श्रम शक्ति का लगभग 3.6 फीसदी हिस्सा 14 साल से कम उम्र के बच्चों का है. प्रत्येक दस बच्चों में से 9 काम करते हैं. ये बच्चे लगभग 85 फीसदी पारंपरिक कृषि गतिविधियों में कार्यरत हैं, जबकि 9 फीसदी से कम उत्पादन, सेवा और मरम्मती कार्यों में लगे हैं.

Read more

नन्हें जज़्बों को सलाम

कहते हैं कि साहस की कोई उम्र नहीं होती, स़िर्फ जिगर हो तो हिम्मतें आ ही जाती हैं. ऐसे ही कुछ जांबाज बच्चों को, जिन्होंने उम्र की सीमा पार करते हुए अपनी जान की बाज़ी लगा कर दूसरों की ज़िंदगी बचाई है, उन्हें राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार के लिए चुना गया.

Read more

अपराध की भेंट चढ़ता देश का बचपन

नेशनल क्राइम रिकॉड्‌र्स ब्यूरो के नवीनतम आंकड़े देश के भविष्य की ख़ौ़फनाक तस्वीर पेश करते हैं. उनके मुताबिक़ पूरे देश में अपराधों की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन इससे भी ज़्यादा चिंता की बात यह है कि बाल अपराधों की संख्या में भी तेजी से वृद्धि हो रही है.

Read more

बाल खोलेगा राज़

विशेषज्ञ अब बाल से जीवन के राज़ खोलेंगे. बाल देखकर वे बता देंगे कि आप कितने दबाव में हैं. इतना ही नहीं, हार्ट अटैक संबंधी बीमारियों के बारे में भी बाल बहुत कुछ बता देंगे. इसका खुलासा इजरायल में हुए एक शोध में किया गया है.

Read more

मिस्‍टीरियस शैंपू

न झटको जुल्फ से पानी कि मोती फूट जाएंगे…यह गीत अब दीवाने नहीं गाया करते, क्योंकि अब गोरियों के चेहरों पर लंबी जुल्फों के जाल नहीं बिखरते. आजकल प्रदूषण, धूल, धूप, उमस और गंदगी के चलते प्राकृतिक सुंदरता का अस्तित्व नहीं रह गया है.

Read more

पोषण आहार कार्यक्रम माफियाओं के कब्‍जे में

बच्चों, गर्भवती तथा नवप्रसूता माताओं में कुपोषण की गंभीर समस्या भारत सरकार और राज्य सरकार के लिए चिंता का विषय बनी हुई है. मध्य प्रदेश में कुपोषण की स्थिति सबसे भयावह और मारक बनी हुई है.

Read more

बाल शोषण के खिला़फ जनजागरण ज़रूरी

बाल शोषण आज हमारे लिए कोई अंजान शब्द नहीं है, बल्कि यह आधुनिक समाज का एक विकृत और ख़ौ़फनाक सच बन चुका है. मौजूदा दौर में निर्दोष एवं लाचार बच्चों को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करने की घटनाएं इतनी आम हो चुकी हैं कि अब तो लोग इस ओर ज़्यादा ध्यान भी नहीं देते.

Read more

महिला-बाल व्‍यापार का बढ़ता जाल

बाज़ारवाद के इस युग में मनुष्य भी बिकाऊ माल बन गया है. बाज़ार में पुरूष की ज़रूरत श्रम के लिए है, तो वहीं स्त्री की ज़रूरत श्रम और सेक्स दोनों के लिए है. इसलिए व्यापारियों की नज़र में पुरूष की तुलना में स्त्री कहीं ज़्यादा क़ीमती और बिकाऊ है. राजधानी भोपाल की 66 बालिकाएं और 70 बालक ऐसे हैं जिनका पिछले एक साल से कोई अता-पता नहीं है.

Read more