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भूमिहीनों का होगा बीमा

श्रम संसाधन मंत्री जनार्दन सिंह सिग्रीवाल के प्रयास से राज्य के ग्रामीण भूमिहीनों का बीमा मुफ्त में किया जाएगा, जिसका प्रीमियम 2 सौ रुपया सालाना सरकार भरेगी. वैसे उन ग्रामीण भूमिहीनों का बीमा होगा, जिनकी ज़मीन 50 डेसिमिल से कम होगी और जिनकी उम्र 18 से 59 वर्ष के बीच होगी. किसी सरकारी पद पर पदस्थापित न हो तथा पहले से इस योजना का लाभान्वित न हो. योजना का लाभ पाने के लिए ग्रामीण भूमिहीनों को पहले आवेदन देना होगा. बीमा के अंतर्गत ग्रामीण भूमिहीनों का स्वभाविक मृत्यु पर 30 हज़ार, दुर्घटना में मृत्यु होने पर 75 हज़ार एवं विकलांगता की स्थिति होने पर 37,500 तथा भूमिहीनों के परिवार में पढ़ रहे दो बच्चों को 100-100 रुपये की छात्रवृति देने का प्रावधान है. जिसकी प्रीमियम सरकार 200 रुपये भरेगी.

– मनोज प्रसाद

एकमा में चंद्रशेखर की प्रतिमा लगेगी

समाजवादी आंदोलन के पुरोधा-पुरूष व पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर की भव्य आदमकद प्रतिमा लगाने का फैसला लिया गया है. छपरा ज़िले के मांझी क्षेत्र से उनके आत्मीय लगाव को देखते हुए एकमा प्रखंड के आमडाढ़ी गांव के ब्रह्म स्थान के मैदान के निकटवर्ती ज़मीन दान देने के लिए किसान योगेंद्र सिंह ने पर्याप्त भूमि उपलब्ध कराने की घोषणा की है. बैठक के दौरान परिचर्चा में कहा गया कि सन 1989 के लोकसभा चुनाव में बिहार के महाराजगंज संसदीय क्षेत्र से चुनाव लड़ने की मंशा का इजहार करके उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन में सारण क्षेत्र से जुड़ाव का परिचय भी दिया था. चन्द्रशेखर जी का सारण क्षेत्र के लोगों से आत्मीय संबंधों का एक अनूठा उदाहरण के रूप में मांझी स्थित सरयू नदी पर बना पुल आज भी इनके यादों को बरबस ताज़ा बनाने में कारक के रूप में कार्य करता है.

– संजय सिंह

भारत का यूरिया नेपाल पहुंच रहा है

चिरैया के किसान बेहाल हैं और दर दर भटक रहे हैं. कारण यह है कि यहां के लिए आवंटित यूरिया कालाबाज़ारियों के कारण नेपाल भेजी जा रही है. इस क्षेत्र में 23 पैक्स हैं लेकिन यूरिया आवंटन में सभी फिसड्डी साबित हो रहे हैं. किसान रमेश श्रीवास्तव,  सुबोध कुमार, निहोरा पासवान, कमलेश कुमार आदि ने प्रशासन से इन कालाबाज़ारियों पर लगाम कसने की अपील की है. इस बाबत बीएओ केशव कुमार शाही ने बताया कि इस क्षेत्र में यूरिया की किल्लत की रिपोर्ट प्रशासन को भेज दी गई है.

अतिक्रमणकारियों पर शिकंजा

योगापटी, बेतिया में पुर्नवास विभाग की ओर से निर्धारित भूमि पर ज़बरन क़ब्ज़ा करने वालों पर शिकंजा कसना शुरु हो गया है. शनिचरी कोलनी के अतिक्रमणकारियों पर गाज गिरेगी और अवैध क़ब्ज़ा करने वालों पर कार्रवाई होगी. सीओ मोहम्मद नजीमुद्दीन ने बताया कि शनिचरी निवेश के खाता नंबर 80 खसरा न. 223 रकबा 23 डेसीमिल भूमि ननाई कुमार दास के नाम आवंटित है. इस भूमि पर सतीश चंद्र दास, सुदामा दास काली प्रसाद दास सहित अन्य लोगों ने क़ब्ज़ा कर लिया है. सीओ ने यह भी बताया कि इन लोगों पर अतिक्रमणवाद चलाया जाएगा.

स्वास्थ्य सुविधाओं को तरसते ग्रामीण

पिछले छह माह से बगही देवराज स्थित अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बंद प़डा है. यहां के लोग अपने उपचार के लिए लौरिया जाते हैं, जिससे ग्रामीणों को का़फी परेशानी का सामना करना प़ड रहा है. उधर लौरिया रेफरल अस्पताल के प्रभारी डॉ. सुरेंद्र प्रसाद ने कहा कि विभाग द्वारा अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ केंद्र बगही को खोलने के लिए अभी तक कोई निर्देश नहीं मिला है. दूसरी ओर ग्रामीणों में इस असुविधा को लेकर का़फी असंतोष है, जिसकी गुहार इन लोगों ने प्रशासन से की है.

– रोशन कुमार

सरिसवा नदी प्रदूषण मुक्त होगी

प्रोफेसर अनिल कुमार सिन्हा ने प्रतिनिधिमंडल के साथ सरिसवा नदी बचाव को लेकर सांसद संजय जायसवाल को पत्र सौंपा. इनके साथ मनीष दुबे, दुर्गेश पांडे, राकेश कुशवाहा, गजेन्द्र चौरसिया व कन्हैया प्रसाद भी शामिल थे. सांसद संजय जायसवाल ने इस बाबत कहा कि इस नदी के प्रदूषण से भारत व नेपाल के लोग परेशान हैं इसलिए इसे प्रदूषण मुक्त बनाने की पूरी कोशिश की जाएगी. उन्होंने मामले को भारत सरकार के पर्यावरण मंत्री तक पहुंचाने का आश्वासन भी दिया.

– नीरज गुप्ता

राज्यपाल को हटाया जाए: अशरफ

पूर्व मंत्री तथा वरिष्ठ कांग्रेसी नेता जमशेद अशरफ ने कहा कि कांग्रेस अधिवेशन के दौरान कई बिहारी डेलिगेट ने और स्वयं मैंने सोनिया गांधी से व्यक्तिगत भेंट करके बिहार के प्रभारी मुकुल वासनिक को अविलंब हटाने और उनकी जगह दिग्विजय सिंह को बिहार का प्रभारी बनाने की मांग की है. उन्होंने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष चौधरी महबूब अली कैसर के बारे में कहा कि उन्हें तो समय ही बहुत कम मिला. उस पर मुकुल वासनिक की मनमानी तथा चुनाव आयोग के प्रवेक्षकों के व्यवहार के कारण ईवीएम में की गई छेड़-छाड़ ने सारा काम खराब किया. जमशेद अशरफ ने बिहार के राज्यपाल देवानंद कुंवर के कार्यकलापों पर प्रश्न चिन्ह लगाते हुए बिहार में एक हिंदी भाषी और जनता के क़रीब रहकर काम करने वाले राज्यपाल को भेजने का अनुरोध किया.

– अशरफ अस्थानवी

अंतिम सांसें गिन रहा रेलवे मनोरंजन संस्थान

समस्तीपुर स्थित रेलवे मनोरंजन संस्थान विभागीय उपेक्षा के कारण अंतिम सांसे गिनने लगा है. एक समय था जब इस मनोरंजन संस्थान के क़रीब दो हज़ार से अधिक रेलकर्मी करते थे जबकि आज उपेक्षा के कारण बमुश्किल 100 से 200 सदस्य रह गए हैं. इस रेलवे मनोरंजन संस्थान से जुड़े फुटबॉल, टेनिस, कैरमबोर्ड, शतरंज आदि खेल के राष्ट्रीय स्तर तक के खिलाड़ी सदस्य हुआ करते थे और यह मनोरंजन संस्थान समस्तीपुर की शान कहलाता था. आज इस संस्थान की लाईब्रेरी की पुस्तकें धूल फांक रही हैं. यहां कार्यरत मजदूरों का भी अपना एक अलग दर्द है. संस्थान के श्रमिकों का कहना है कि इस संस्था की उपेक्षा से रेलवे को लाखों का घाटा हो रहा है. पूर्व में यहां के हॉल बुकिंग, रूम बुकिंग, कुर्सी एवं ज़मीन बुकिंग आदि मदों से लाखों की आमद होती थी तथा रेलवे द्वारा रख-रखाव हेतु अतिरिक्त अनुदान भी मिलता था. मनोरंजन संस्थान के अंतर्गत संचालित होने वाले व्यायामशाला के नए रूम का शुभारंभ 18 दिसंबर 2006 को तत्कालीन मंडल रेल प्रबंधक बी. के. बहमनी के कर कमलों से संपन्न हुआ था. इस व्यायामशाला के अंदर काफी अच्छी व्यवस्था आज भी कायम है, लेकिन संबंधित अधिकारियों के मनमानीपूर्ण कार्यप्रणाली एवं हठधर्मिता के कारण इस व्यायामशाला से जुड़े लोग काफी आहत हैं.

– चौथी दुनिया ब्यूरो

किसानों को मिले खाद व बिजली

महनार प्रखंड के चमहरा पंचायत से पैक्स अध्यक्ष पद पर निर्विरोध निर्वाचित हुए जदयू किसान सेल के जिलाध्यक्ष धीरेंद्र कुमार सिंह उ़र्फ धीरू भाई ने मुख्यमंत्री को पत्र लिख कर खाद का आवंटन बढ़ाने व किसानों को प्रर्याप्त बिजली देने की मांग की है. इसके अलावा उन्होंने गांव-गांव में सहकारिता बैंक की शाखा खोलने तथा अनुमंडल स्तर पर कृषि प्रशिक्षण व सलाह केंद्र की स्थापना करने की भी मांग की. सिंह ने कहा कि वह शीघ्र ही किसान जागरूकता सेमिनार लगा कर पंचायतों का भ्रमण करेंगे एवं सरकार की योजना से किसान भाइयों को लाभान्वित कराएंगे.

स़िर्फ बात के अधिकारी

हाजीपुर के अलावा लालगंज, महुआ, राजापाकड़, देसरी, सहदेई बुजुर्ग, जन्दाहा में बाल श्रम ज़ोरों पर है, वहीं महनार बाजार में तो इस कानून की घज्जियां उड़ाई जा रही हैं. इस संबंध में कभी भी यहां बाल श्रम आयोग ने अभियान नहीं चलाया है. इस बारे में महनार के श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी अरुण सिंह ने सीधा जवाब देने के बजाय कहा कि ऐसे ही चलेगा. इस बयान की भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के जिलाध्यक्ष प्रियरंजन दास, भाजपा के पूर्व जिला उपाध्यक्ष डॉ. पे्रमनाथ सिंह, भाजपा नेता संजय मिश्रा ,ईश्वर चंद्र सिन्हा, जदयू नेता श्याम बाबू साह, मनोज तांती, कपिलेश्वर सिंह ने निंदा करते हुए मुख्यमंत्री से उक्त पदाधिकारी के विरूद्ध अविलंब कार्रवाई की मांग की है.

ट्रांसफार्मर जलने की आशंका

महनार प्रखंड के चमहरा विद्युतशक्ति उपकेंद्र से 11 केवीए विद्युत महनार नगर, जन्दाहा एवं वासुदेवपुर चन्देल को दी जाती है. इस उपकेन्द्र में 33/11 केवीए का एक ट्रांसफार्मर लाया गया जो तकनीकी कारणों से उपकेन्द्र में नहीं जा सका. इस बारे में विद्युत कार्यपालक अभियंता ने कहा कि यह काम पावर ग्रिड कॉरपोरेशन को करना है. वहीं कनीय अभियंता ने बताया कि उपकेन्द्र के एक मात्र ट्रांसफार्मर पर लोड अधिक है. अगर शीघ्र ही ट्रांसफार्मर नहीं लगाया गया तो पुराना ट्रांसफार्मर जल सकता है.

– अंजुम परवेज

बुद्ध की स्मृतियों से जुड़ा गांव बदहाल

सिवान के पपौर पंचायत के ग्रामीण गंदगी के कारण परेशान हैं. इससे यहां के ग्रामीणों में संक्रामक बीमारी का भय बना रहता है. इस पंचायत के बिजली , सिंचाई, चापाकल, सड़क की समस्या आज भी यथावत बनी हुई है. इस पंचायत में बिजली की कमी के चलते यहां के लोग लालटेन युग में जीने को विवश हैं. लोगों को शुद्व पेयजल भी नसीब नहीं हो पा रहा है. इस गांव के लोगों को उम्मीद जगी थी कि इस गांव को सुंदर गंाव के रूप में विकसित किया जाएगा, लेकिन यह सपना अभी तक साकार नहीं हो सका है. इस गांव में महात्मा बुद्ध से जुड़ी कई ऐसी सामग्री खुदाई के दौरान मिली हैं, जिसकी पुरातत्व विभाग ने जांच की हैं. महात्मा बुद्ध के मिले प्राचीन सामग्रियों की सूचना प्रशासन को भी है. यहां के लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस गांव को आदर्श गांव के रूप में विकसित किया जाए.

– धनंजय मिश्र

चचरी पुल बना फारबिसगंज की पहचान

पुल-पुलिया की जगह बांस की चचरी ही फारबिसगंज प्रखंड के पूर्वी क्षेत्र की पहचान रह गई है. आज़ादी के बाद भी इस क्षेत्र का पिछड़ापन विकास के दावों की पोल खोल रहा है. जबकि फारबिसगंज प्रखंड क्षेत्र की अधिकांश आबादी पूर्वी क्षेत्र में ही निवास करती है. दृश्य तब देखने लायक होता है जब चचरी पर झूलते हुए जब कोई मोटर साइकिल निकलती है और मोटर साइकिल सवार की जान पर आफत बन जाती है. यहां कई मुख्य सड़कों पर भी चचरी के सहारे ही यातायात हो पाता है. स्थिति ऐसी है कि अगर एक भी चचरी कुछ गड़बड़ रही तो हज़ारों लोगों का आना -जाना दुर्लभ हो जाता है.

– चौथी दुनिया ब्यूरो

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