fbpx
Now Reading:
पाकिस्तान में बंद कुलभूषण जाधव की फांसी पर लगी रोक, भारत की पहली बड़ी जीत

पाकिस्तान में बंद कुलभूषण जाधव की फांसी पर लगी रोक, भारत की पहली बड़ी जीत

अंतर्राष्ट्रीय न्याय अदालत (आईसीजे) कुलभूषण जाधव पर फैसला सुना रही है। कोर्ट ने साढ़े छह बजे फैसला पढ़ना शुरू किया, जो कि लगभग एक घंटे से डेढ़ घंटे तक चलेगा। कोर्ट ने कहा है कि पाकिस्तान ने न केवल विएना कन्वेंशन का उल्लंघन किया है, बल्कि कुलभूषण के अधिकारों का भी हनन किया है। इसी बीच, आईसीजे में दक्षिण एशियाई मामलों की अंतर्राष्ट्रीय कानूनी सलाहकार रीमा उमर ने इसी बीच कुछ ट्वीट कर बड़ा दावा किया।

Related Post:  कुलभूषण जाधव मामले में ICJ झटका लगने के बावजूद इमरान खान ने थपथपाई अपनी पीठ 

उन्होंने लिखा  कि इस मामले में भारत की इस मामले में बड़ी जीत हुई है। फैसले पर पुर्नविचार होगा। भारत को कॉन्सुलर का एक्सेस मिलेगा, जबकि 15-1 के पक्ष से भारत के पक्ष में फैसला हुआ है। हालांकि, आधिकारिक तौर पर अभी आईसीजे ने फैसला नहीं सुनाया है। अगर रीमा की बात सही निकली, तब आईसीजे में पाकिस्तान के लिए यह बड़ा झटका होगा।

मामले में फैसले से लगभग पांच महीने पहले न्यायाधीश यूसुफ की अध्यक्षता वाली आईसीजे की 15 सदस्यीय बेंच ने भारत और पाकिस्तान की मौखिक दलीलें सुनने के बाद 21 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था।

Related Post:  कुलभूषण जाधव मामले में ICJ झटका लगने के बावजूद इमरान खान ने थपथपाई अपनी पीठ 

अब उसी फैसले पर दोनों मुल्कों की निगाहें टिकी हैं। दरअसल, आईसीजे के निर्णय का असर दोनों देशों के रिश्तों पर पड़ सकता है, जो कि पहले से ही कुछ ठीक नहीं हैं। बता दें कि पाकिस्तानी सैन्य अदालत ने अप्रैल 2017 में बंद कमरे में सुनवाई के बाद ‘‘जासूसी और आतंकवाद’’ के आरोपों में भारतीय नौसेना के सेवानिवृत्त अधिकारी जाधव (49) को मौत की सजा सुनाई थी।

पाकिस्तान की सैन्य अदालत द्वारा जाधव को ‘‘दबाव वाले कबूलनामे’’ के आधार पर मौत की सजा सुनायी गई थी। उनकी सजा पर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया दी थी। आईसीजे की दस सदस्यीय पीठ ने 18 मई 2017 को पाकिस्तान को जाधव की मौत की सजा पर अमल से रोक दिया था। भारत की तरफ से वरिष्ठ वकील हरीश साल्वे ने पक्ष रखा।

Related Post:  कुलभूषण जाधव मामले में ICJ झटका लगने के बावजूद इमरान खान ने थपथपाई अपनी पीठ 
Input your search keywords and press Enter.