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झारखंड विधानसभा चुनाव 2019 : सत्ता तक जाने का रास्ता तय करेगा तीसरे चरण का चुनाव, सुदेश, बाबूलाल, नीरा पर सबकी निगाहें
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झारखंड विधानसभा चुनाव 2019 : सत्ता तक जाने का रास्ता तय करेगा तीसरे चरण का चुनाव, सुदेश, बाबूलाल, नीरा पर सबकी निगाहें

झारखंड विधानसभा के तीसरे चरण का चुनाव राज्य की सत्ता तक जाने का रास्ता तय करेगा. इस चरण की 17 सीटें भाजपा, यूपीए गठबंधन, आजसू सहित कई दूसरी पार्टियों के लिए काफी महत्वपूर्ण साबित होंगी. इसी चरण में कई दिग्गजों की सीटें फंसी हुई हैं. चुनाव का यह चरण दलबदल के नफा-नुकसान को भी तय करेगा. पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी, पूर्व उप मुख्यमंत्री सुदेश महतो, मंत्री नीरा यादव, सीपी सिंह, कांग्रेस छोड़कर आनेवाले मनोज यादव सहित कई दिग्गजों के किस्मत का फैसला इसी चरण में होना है.
कोडरमा : परिस्थितियां बदली घेराबंदी भी जबरदस्त 
इस सीट पर परिस्थिति बदली है. पिछले चुनाव में शिकस्त खाने वाली अन्नपूर्णा देवी अब भाजपा से सांसद है. अब नीरा यादव के सामने अन्नपूर्णा तो नहीं है, लेकिन घेराबंदी बेजोड़ है. पिछले चुनाव में नीरा यादव को बहुत बड़ी बढ़त नहीं मिली थी. करीब सात फीसदी का मार्जिन था. अब उनके रास्ते में भाजपा की बागी शालिनी गुप्ता, राजद के अमिताभ कुमार अपनी जमीन बचाने के लिए परंपरागत वोट में सेंधमारी रोकने में लगे हैं. जातीय समीकरण को बचना ही चुनौती है.
क्यों हॉट है : शिक्षा मंत्री नीरा यादव लड़ रही है, बागी है सामने
खास बात : भाजपा के साथ-साथ आजसू ने भी प्रत्याशी खड़ा कर दिया. आजसू प्रत्याशी कोडरमा की शालिनी गुप्ता जिला परिषद अध्यक्ष है. वोट बंटने की उम्मीद है.
2014 में मतदाता : 3,00,276
मतदान  1,97,978
वोटिंग प्रतिशत 65.93
डॉ नीरा यादव, भाजपा  84874 वोट
अन्नपूर्णा देवी, राजद  71349 वोट
हार-जीत का अंतर : 6.94%
सिल्ली : बड़ी साख, चुनौतियों भरी सीट पुराने प्रतिद्वंद्वी फिर आमने-सामने
सिल्ली में मतदान बंपर होता है. ग्रामीण वोटर निकलते हैं. पिछले चुनाव (2014) में 77.66 फीसदी मतदान हुआ. यानी वोटरों की गोलबंदी प्रत्याशियों के पक्ष में होती रही है. पिछले चुनाव में जीत का मार्जिन 21.19 फीसदी था. आजसू अध्यक्ष सुदेश महतो के लिए यह फासला पाटना चुनौती होगा. अपने पक्ष में वोट का बड़ा हिस्सा करना होगा. सिल्ली में जातीय समीकरण की घेराबंदी भी मजबूत रहती है.
खास बात : सिल्ली सीट पर इस बार पुराने प्रतिद्वंद्वी ही आमने-सामने हैं. यहां परंपरागत लड़ाई ही है.
सीमा
सुदेश
उमेश
क्यों हॉट है : आजसू अध्यक्ष सुदेश महतो लड़ रहे हैं चुनाव
2014 में मतदाता : 1,84,393
मतदान  1,43,205
वोटिंग प्रतिशत 77.66
अमित कुमार, झामुमो  79,747 वोट
सुदेश महतो, आजसू  50,007 वोट
हार-जीत का अंतर : 21.19%
बरही : दल बदल का नफा-नुकसान तौलेगी यह सीट, होगी तगड़ी फाइट
यह सीट दल बदल का नफा-नुकसान तौलने जा रही है. कांग्रेस के विधायक मनोज यादव भाजपा में हैं, तो भाजपा के उमाशंकर अकेला कांग्रेस के साथ हैं. इस सीट पर वोटिंग पैटर्न अच्छा है. हार-जीत का अंतर भी छोटा रहा है. खिलाड़ियों के साथ वोटर भी पाला बदल सकते हैं. विरोधियों के सामने वोटरों को गोलबंद रखना चुनौती होगी.
खास बात : बरही में भाजपा से मनोज यादव प्रत्याशी हैं. कांग्रेस प्रत्याशी उमाशंकर अकेला 2009 में भाजपा विधायक थे. झाविमो ने अरविंद उपाध्याय को प्रत्याशी बनाया है.
मनोज
उमाशंकर
अरविंद
क्यों हॉट है : कांग्रेस विधायक भाजपा से लड़ रहे हैं चुनाव.
2014 में मतदाता : 2,62,939
मतदान  1,74,503
वोटिंग प्रतिशत 66.37
मनोज यादव, कांग्रेस  57,818 वोट
उमाशंकर, भाजपा  50,733 वोट
हार-जीत का अंतर : 4.15%
धनवार : सबकी नजर, कोई नहीं छोड़ रहा कसर 
पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी के मैदान में रहने से इस सीट पर राजनीतिक सरगर्मी है. पिछले चुनाव में हार के बाद बाबूलाल
यहां से रास्ता निकालने में लगे हैं. यहां हार-जीत का मार्जिन कम रहा है. माले का यहां परंपरागत वोट है. चुनाव में कई चेहरे भी मैदान में हैं, जो समीकरण बदल रहे हैं. झाविमो, माले को झामुमो और निर्दलीयों के वोटरों की गोलबंदी का खतरा है. भाजपा प्रत्याशी लक्ष्मण सिंह कैडरों के भरोसे इस सीट का समीकरण बदलने की पुरजोर कोशिश कर रहे हैं.
क्यों है हॉट : पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी हैं मैदान में.
खास बात : धनवार में निर्दलीय अनूप संथालिया के आ जाने से मतों के बंटवारे की उम्मीद है. झामुमो, माले, झाविमो के अलग-अलग लड़ने से मतों का बिखराव होगा.
राजकुमार
बाबूलाल
लक्ष्मण
2014 में मतदाता : 2,77,622
मतदान  1,76,689
वोटिंग प्रतिशत 63.64
राजकुमार यादव, माले  50634 वोट
बाबूलाल मरांडी, झाविमो  30922 वोट
हार-जीत का अंतर : 6.23%
रांची : परंपरागत सीट पर भाजपा का विजय रथ रोकने की तैयारी में विपक्ष नगर विकास मंत्री सिंह रांची सीट से लड़ रहे हैं. पिछले चुनाव में जितना विपक्षी प्रत्याशी को मत आया था, उससे अधिक से उनकी जीत हुई थी. इस बार महागठबंधन ने महुआ माजी को प्रत्याशी बनाया है. विपक्षी नगर विकास मंत्री के रूप में सीपी सिंह के प्रदर्शन को मुद्दा बना रहे हैं. इधर पूर्व चेंबर अध्यक्ष पवन शर्मा की नजर भी राजधानी की इस हॉट सीट पर है.
खास बात : रांची में परंपरागत लड़ाई है. लेकिन चेंबर समर्थित निर्दलीय प्रत्याशी पवन शर्मा के खड़े होने से एक नया एंगल बन रहा है.
क्यों हॉट है : यहां से मंत्री सीपी सिंह चुनाव लड़ रहे हैं
2014 में मतदाता : 3,05,969
मतदान 1,48,784
वोटिंग प्रतिशत 48.63
सीपी सिंह, भाजपा  96,760 वोट
महुआ माजी, झामुमो  36,897 वोट
हार-जीत का अंतर : 39.77%
मांडू : दो भाइयों की लड़ाई, तीसरा ताक में, पिता की विरासत बचाने की चुनौती
मांडू से दो सगे भाई जय प्रकाश पटेल व रामप्रकाश भाई पटेल मैदान में हैं. पूर्व मंत्री जय प्रकाश 2014 में झामुमो के टिकट से जीते थे. अब भाजपा से चुनाव लड़ रहे हैं. बड़े भाई राम प्रकाश को झामुमो ने टिकट दिया है. उनके पिता टेकलाल महतो झामुमो के बड़े नेता थे. इस सीट पर पूर्व भाजपा नेता कुमार महेश सिंह और आजसू के तिवारी महतो की भी नजर है.
खास बात : भाजपा के बागी प्रत्याशी कुमार महेश सिंह चुनावी मैदान में आ गये हैं. आजसू ने भी तिवारी महतो को प्रत्याशी बना दिया है.
जेपी पटेल रामप्रकाश निर्मल
क्यों हॉट है : यहां दो सगे भाई चुनावी मैदान में हैं
2014 में मतदाता : 3,53,669
मतदान 2,28,340
वोटिंग प्रतिशत 64.56
जेपी पटेल, झामुमो  78,499 वोट
महेश सिंह, भाजपा  71,487 वोट
हार-जीत का अंतर : 3.09%
रामगढ़ : पति का गढ़ बचाने में लगी आजसू प्रत्याशी
रामगढ़ विधानसभा सीट पर इस बार चुनावी राजनीति के नये चेहरे मैदान में हैं. राज्य के पूर्व मंत्री चंद्र प्रकाश चौधरी की पत्नी सुनीता चौधरी पति का गढ़ बचाने में लगी हैं. आजसू-भाजपा गठबंधन टूटने का असर इस विधानसभा सीट पर दिख रहा है. लंबे अंतर से जीतने के बावजूद इस सीट पर विपक्षी घेराबंदी तोड़ने की कोशिश आजसू कर रही है. यहां कांग्रेस से ममता देवी, तो भाजपा के कुंटू बाबू (रनंजय कुमार)  से चुनौती मिल रही है. इसके बीच में पूर्व मंत्री की छवि और पकड़ के भरोसे आजसू नैया पार करना चाह रही है.
क्यों हॉट है : पूर्व मंत्री चंद्रप्रकाश चौधरी लड़ते रहे हैं यहां से.
खास बात : आजसू प्रत्याशी के सामने भाजपा ने भी प्रत्याशी दे दिया है. वहीं, गठबंधन की उम्मीदवार ममता देवी हैं.
सुनीता रणंजय ममता
2014 में मतदाता : 2,85,285
मतदान  2,01,755
वोटिंग प्रतिशत 70.72
चंद्र प्रकाश, आजसू 98,987 वोट
शहजादा अनवर, कांग्रेस  45,169 वोट
हार-जीत का अंतर : 20.85%
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