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जानिए कौन है ‘जैश-ए-मोहम्मद’ सरगना मौलाना मसूद अजहर?
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जानिए कौन है ‘जैश-ए-मोहम्मद’ सरगना मौलाना मसूद अजहर?

नई दिल्ली:  मौलाना मसूद अजहर की मौत की खबर सामने आई है. हालांकि अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. हाल ही में पाकिस्तान के विदेश मंत्री महमूद कुरैशी ने एक इंटरव्यू में कहा था कि मसूद अजहर काफी बीमार है. दरअसल उनका कहना था कि वह इतना बीमार है कि घर से बाहर भी नहीं जा सकता. पाक विदेश मंत्री का बयान इंडियन एयर फ़ोर्स द्वारा बालाकोट में जैश के ट्रेनिंग कैंप पर हमले के तुरंत बाद आया था. जोकि सवालों के घेरे में हैं. खासकर उस समय जब बालाकोट में इंडियन एयर फ़ोर्स की तरफ से हुई एयर स्ट्राइक में उसके घायल होने की बात सामने आई हो.

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जैश-ए-मोहम्मद का संस्थापक मौलाना मसूद अजहर भारत से साथ-साथ अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, और कनाडा में भी आतंक का पर्याय बन चुका था. भारत के मोस्ट वांटेड आतंकियों की लिस्ट में शामिल मौलाना मसूद अजहर के संगठन जैश-ए-मोहम्मद को संयुक्त राष्ट्र भी ब्लैकलिस्ट कर चुका है. साल 1994 में भारत में मसूद अजहर को पुर्तगाल के फर्जी पासपोर्ट पर यात्रा करने के मामले में गिरफ्तार किया गया था.

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लेकिन 24 दिसंबर 1999 को हरकत-उल-मुजाहिद्दीन के 5 हथियारबंद आतंकियों ने इंडियन एयरलाइंस के विमान आईसी- 814 को हाईजैक कर लिया. उस वक़्त विमान में 178 यात्री मौजूद थे. यात्रियों के बदले आतंकियों ने अपने 3 साथियों को रिहा करने की मांग की थी. जिनमे मसूद अजहर भी एक था. भारत की कैद से आजाद होने के बाद मसूद अजहर ने जैश-ए-मोहम्मद नाम का एक संगठन खड़ा किया.

शुरुआत से ही भारतीय फ़ौज जैश-ए-मोहम्मद और मसूद अजहर के निशाने पर रही हैं. चाहे पठानकोट एयर बेस हो या फिर साल 2001 में भारतीय संसद पर हुआ हमला हो. दिल दहला देने वाली इस वारदात में मसूद अजहर और उसके संगठन का नाम सामने आया था.

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साल 2014 में भारतीय खूफिया एजेंसियों ने आशंका जताई थी कि मसूद अजहर विमान अपहरण की वारदात को अंजाम दे सकता है. इस दौरान उसने एक रैली को संबोधित करते हुए भारत के खिलाफ जिहाद शुरू करने की बात कही थी.

पठानकोट एयरबेस पर हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने जैश-ए-मोहम्मद और मसूद अजहर पर बैन लगाने के लिए यूएन में प्रस्ताव रखा था. लेकिन चीन के वीटो से वह बच निकला था.

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